उत्तर प्रदेश शासन एवं पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश के निर्देश के क्रम में जिलाधिकारी व पुलिस अधीक्षक कुशीनगर के द्वारा आपात स्थिति से निपटने हेतु पडरौना बस डिपो एवं जिला चिकित्सालय कुशीनगर में नागरिक सुरक्षा अभ्यास के अंतर्गत मॉक ड्रील का किया गया आयोजनब्यूरो कुशीनगर
उत्तर प्रदेश शासन एवं पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश के निर्देश के क्रम में जिलाधिकारी कुशीनगर श्री महेन्द्र सिंह तंवर व पुलिस अधीक्षक कुशीनगर संतोष कुमार मिश्रा के द्वारा जनपद कुशीनगर में नागरिक सुरक्षा तैयारियों को अधिक प्रभावी व सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से आज दिनांक 07.05.2025 को जनपद कुशीनगर में एक व्यापक नागरिक सुरक्षा अभ्यास (मॉक ड्रिल) का आयोजन किया गया ।
इस मॉक ड्रिल का उद्देश्य किसी भी आपातकालीन स्थिति जैसे कि मानव जनित आपदा अथवा प्राकृतिक आपदा या अन्य जन/धन-हानिकारक घटनाओं के समय पुलिस व अन्य आपात सेवाओं की तत्परता, समन्वय व प्रतिक्रिया क्षमता का मूल्यांकन करना था ।


मॉक ड्रील के दौरान की गयी कार्यवाही निम्नवत हैः-
1- जिला प्रशासन, पुलिस प्रशासन, फायर ब्रिगेड, स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा विभाग, होमगार्ड, राजस्व विभाग, विद्युत विभाग, ट्रैफिक, डीसीआर, एलआईयू, एसआईयू, पीएसी, रेडक्रास, लीड बैंक, भूतपूर्व सैनिक, एनसीसी कैडेट आदि द्वारा पुलिस लाइन परिसर में गोष्ठी कर आपात स्थिति में उनके कार्यों एवं कर्तव्यों से अवगत कराया गया ।
2- कुशीनगर के पडरौना बस डिपो एवं जिला चिकित्सालय में एक काल्पनिक आपदा परिदृश्य तैयार किया गया, जिसमें राहत एवं बचाव कार्यों को सजीव रूप में प्रदर्शित किया गया । इसमें अग्निशमन विभाग, स्वास्थ्य विभाग तथा अन्य विभागों द्वारा कुशल समन्वय व निर्धारित मानकों के अनुसार कार्यवाही की गई । मॉक ड्रिल के पश्चात अपर पुलिस अधीक्षक कुशीनगर द्वारा सभी प्रतिभागी अधिकारियों व कर्मचारियों को ब्रीफ किया गया।
3- जिला नियंत्रण कक्ष को अलर्ट पर रखा गया है ताकि किसी भी आपात स्थिति की जानकारी समय से सर्वसम्बन्धित को पहुंचायी जा सके ।
4- अपर पुलिस अधीक्षक श्री रितेश कुमार सिंह, अग्निशमन अधिकारी, क्षेत्राधिकारी सदर एवं क्षेत्राधिकारी कसया द्वारा पडरौना बस डिपो कुशीनगर में वहां उपस्थित समस्त स्टाफ को आपात स्थिति से निपटने के लिए जागरुक किया गया और एक काल्पनिक आपदा परिदृश्य तैयार किया गया, जिसमें राहत एवं बचाव कार्यों को सजीव रूप में प्रदर्शित करते हुए छात्रों को रेस्क्यू किया गया और उन्हें यह भी बताया गया कि सरकार द्वारा जारी आधिकारिक निर्देशों पर ध्यान दें और सतर्क दृष्टि बनाए रखें ।
5- किसी भी आपात स्थिति में ब्लैक आउट के बारे में लोगों को बताया गया कि सभी लाइटें, बिजली उपकरण तुरन्त बंद कर दें, इन्वर्टर एवं जनरेटर बंद कर दें ताकि बाहरी रोशनी समाप्त हो जाए । खिड़कियों व दरवाजे पर मोटे पर्दे लगाकर खिड़कियों को बंद कर दें ताकि रोशनी बाहर न दिखे । वाहन चला रहे हों तो तुरंत किनारे लगाकर बंद कर दें, हेड लाइट व इण्डिकेटर बंद रखें और रेडियो व अन्य माध्यमों से अधिकारिक निर्देश सुनते रहें ।
6- तेल डीपो व महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों को आपात स्थिति में अपने छतों पर कैमोफ्लाइ या छिपाने हेतु सम्बन्धित को आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए । पाइप लाइनों को सुरक्षित रखने हेतु सम्बन्धित को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
7-विद्युत विभाग को भी इस सम्बन्ध में आवश्यक निर्देश दिए गए ।
8-स्वास्थ्य विभाग एवं रेड क्रास विभाग को किसी भी आकस्मिक स्थिति से निपटने हेतु आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए ।
समस्त विभागों एवं स्वयं सेवी संस्थाओं तथा आमजन के मध्य आपसी सामंजस्य बनाए जाने पर बल दिया गया । जिससे किसी भी आपात स्थिति में आसानी से निपटा जा सके ।
इस दौरान जनपद के प्रशासनिक अधिकारी, पुलिस अधिकारी, एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी के साथ आमजन एवं मीडिया बंधु मौजूद रहे।
कुशीनगर पुलिस समस्त जनपद वासियों से अपील करती है कि जरुरी दवाएं, पानी, जरूरी दस्तावेज, खाने पीने की वस्तुएं (सुखे मेवे), प्राथमिक सुरक्षा कीट, टार्च, मोबाइल फोन आदि सामान को रखें तथा अफवाहों पर ध्यान न दें, रेडियो व अन्य माध्यमों से सरकारी निर्देश सुनते रहें और सतर्क दृष्टि बनाए रखें ।