जिम्मेदारों की मिलीभगत से खुलेआम ग्राम पंचायत छिबरा में चल रहा मनरेगा फर्जीवाड़ा
विकास अग्रहरि
बस्ती

विकासखंड कुदरहा ग्राम पंचायत छिबरा में रामचंद्र के खेत के बगल में पोखरे की खुदाई व सफाई कार्य
बस्ती/ जनपद में मनरेगा घोटाला थमने का नाम नहीं ले रहा है। आए दिन मनरेगा भ्रष्टाचार की खबरें समाचार पत्रों की सुर्खियां बन रही हैं। लेकिन मनरेगा के जनपदीय जिम्मेदार डीसी मनरेगा कुम्भकर्णी नींद में मस्त हैं। साहब को केवल अपने हिस्से की मलाई से मतलब है। अपना काम बनता है, तो भाड़ में जाए जनता। यह है मनरेगा के जिम्मेदारों की असली हकीकत। भ्रष्टाचार में कार्यवाही न करने की डीसी मनरेगा ने कसम खाया हो, ऐसा प्रतीत होता है।
मनरेगा योजना गरीबों के रोजगार के लिए बनाई गई है, लेकिन जनपद में यह योजना जिम्मेदारों के ऐशो-आराम की योजना बनकर रह गई है। पूरे जनपद में मनरेगा योजना में लूट मची है।
प्राप्त समाचार के अनुसार कुदरहा विकासखंड के अन्तर्गत स्थित ग्राम पंचायत छिबरा में मनरेगा हेरा-फेरी चल रहा है। रामचंद्र के खेत के बगल में पोखरे की खुदाई व सफाई कार्य में लगे कुल मनरेगा मजदूरों की संख्या 82 मनरेग