पूर, बलिया। प्रदेश के बदायूँ में महा शिवरात्रि के दिन गंगा में स्नान करते समय डूबे सी ओ सर्किल सिकन्दरपुर
अन्तर्गत दोहरा गांव निवासी एम बी बी एस तृतीय वर्ष के छात्र पवन प्रकाश यादव का शव घर पर पहुंचते ही परिवार व गांव वालों में कोहराम मच गया।परिजनों ने उस का अंतिम संस्कार रात में ही बलिया के गंगा तट पर स्थित महावीर घाट पर कर दिया।बता दें कि महाशिवरात्रि के दिन राजकीय मेडिकल कॉलेज के एमबीबीएस तृतीय वर्ष के गंगा नदी में नहाने के दौरान डूब रहे पांच में से दो छात्रों को वहाँ घाट पर मौजूद लोगों ने बचा लिया था,जबकि तीन छात्र डूब गए थे। जिनमे सी ओ सर्किल सिकन्दरपुर के पकड़ी थानान्तर्गत रतसी ग्राम पंचायत अन्तर्गत दोघरा गांव निवासी पवन प्रकाश यादव पुत्र जयप्रकाश यादव भी था।दुर्घटना के बाद से ही नदी में लगातार चले तलाशी अभियान के बाद पिछले रविवार को करीब दोपहर में डूबे पांच में से तीन छात्रों का शव बरामद हो गया।शवों के मिलने के बाद पुलिस ने अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम हेतु भेज दिया था। देर शाम को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।रात में ही परिजन छात्र पवन प्रकाश का शव लेकर दोघरा पहुंचे।शव के गांव में पहुंचते ही घर परिवार के साथ साथ पूरे गाँव मे कोहराम मच गया। शव को देख मृतक पवन कुमार की माँ सुमन यादव ,भाई तनय प्रकाश एवं बहन वंदना का रो रो कर बुरा हाल था। माँ सुमन यादव और बहन वंदना तो बार बार मृतक छात्र का नाम लेकर अचेत हो जा रही थीं। जिन्हें सम्भालना नाते रिश्तेदार एवं पड़ोसियों के लिए कठिन हो रहा था। पिता जयप्रकाश की आँखे पथरा गई थी।वे निश्चेत से हो गए थे।लोगो को देखकर रह रह कर फफक फफक कर रोने लगते।
परिजन रात में ही बलिया के महावीर घाट पर पवन का किये अंतिम संस्कार जिस में सैकड़ों लोगों ने लिया भाग
गांव के लोगो की भी यही स्थिति थी।हर किसी की आँखे नम थी।कोई किसी से कुछ बोल या कुछ बता पाने में असमर्थ था।किसी तरह से लोगो ने परिजनों को संभाला।इसके बाद अंत्येष्टि की तैयारी हुई और मृतक छात्र पवन के शव को आवास पर जुटे सैकड़ो लोगों ने कंधा देकर वाहन तक पहुंचाया। इसके बाद जिला मुख्यालय बलिया के महाबीर घाट पर अंत्येष्टि हुई जहाँ पिता जयप्रकाश ने मुखाग्नि दी।