Uncategorized

सीएम के राज में विगत बर्षों बरेली नगर परिषद मैं आवास योजना को लेकर हुए बड़े घोटाले

मध्य प्रदेश प्रभारी आशीष सिंह रजक बरेली से

जांच का विषय संबंधित अधिकारी कर्मचारी रहे घोटालों में लिप्त

हितग्राहियों ने की 181 पर शिकायत अभी तक नहीं हुआ निर्णय

समस्या के हल के लिए जिला कलेक्टर ने भी दिया था आश्वासन नहीं निकला विकल्प

भटक रहे है हितग्राही आज भी नगर और क्षेत्र में आवाश के लिए भटक रहे हैं हितग्राही

परिवार को कहां रखें परिवार को नहीं है आशियाना

बरेली अब आते हैं मुख्य मुद्दे पर प्रधानमंत्री आवास योजना में जहां एक और देश के प्रधानमंत्री और राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने इस योजना के लिए हितग्राहियों को लाभ दिलाने के लिए भरसक प्रयास किए और भारतीय जनता पार्टी की सरकार ने इस योजना में आवास विहीन लोगों को पक्के आवास देने का संकल्प लिया और कई हद तक यह योजना सफल भी हुई परंतु आज भी योजना के लंबे समय के बाद भी जिन हितग्राहियों ने योजना के शुरुआती दौर में आवेदन किया था कई ऐसे हितग्राही हैं जिनका आवास अभी तक स्वीकृत नहीं हुआ और आशियाने के लिए भटक रहे हैं जिन लोगों ने अपना आवास पाने के लिए कच्चे आवासों को झोपड़ियों को तोड़कर पक्के आवास की चाह में बरसों बिता दिए वह आज किस स्थिति में और कहां रह रहे हैं यह खबर ना तो नगर परिषद के अधिकारी जनप्रतिनिधि प्रतिनिधि और कर्मचारियों ने ली नाही मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने अभी तक उन्हें तक राशियों की खबर नहीं ली जो कि आज आवास योजना के लिए भटक रहे हैं बड़ी-बड़ी घोषणाएं करते हुए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान कह तो देते हैं परंतु संबंधित विभागों को जिम्मेदारी सौंप कर खबर नहीं लेते कि संबंधित विभाग योजनाओं के बारे में क्या कर रहा है कहां और कितने घोटाले हो रहे हैं कहीं कर्मचारी और अधिकारी इन योजनाओं का लाभ देने के लिए हितग्राहियों से रिश्वत तो नहीं ले रहे परंतु मामला कुछ ऐसा ही है कि जब प्रधानमंत्री आवास योजना की शुरुआत हुई थी तब सूत्रों के अनुसार बरेली नगर परिषद में घोटाले पर घोटाले रिश्वतखोरी के साथ कई ऐसे आवास जो रिश्वत के बल पर लाभार्थी को ना मिलकर अपात्र व्यक्तियों को दे दी गए परंतु इस संबंध में अभी तक कोई जांच नहीं हुई जिला कलेक्टर अरविंद दुबे का सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों का निर्णय लेने के लिए और हितग्राहियों को लाभ दिलाने के लिए कई बैठक में भी रखी गई और इन बैठकों में कहा भी गया कि सीएम हेल्पलाइन पर दिल्ली शिकायतों का निर्णय जल्द लिया जाएगा और जिन लोगों को आवास का लाभ नहीं मिला उसके संबंध में भी जांच की जाएगी परंतु अभी तक कई ऐसे हितग्राही हैं जो अपने आवास के लिए भटक रहे हैं परंतु बरेली नगर परिषद और ग्राम पंचायतों में संबंधित पदाधिकारी और कर्मचारियों की मिलीभगत से आज तक उनको आवास का लाभ नहीं मिल पाया है परंतु अब यह बड़ा जांच का विषय है अगर आवास योजना के संबंध में पिछली कड़ियों को उधर आ जाए तो कई ऐसे घोटाले मिलेंगे जिसमें नगर परिषद बरेली के द्वारा आवास योजना में गड़बड़ियां प्राप्त होगी देखना है कि इस खबर से जिला कलेक्टर क्या कदम उठाते हैं क्या उन हितग्राहियों का इंतजार समाप्त होगा क्या उनको आवास मिल पाएगा जो शुरुआती दौर से लेकर अब तक आवास के लिए इंतजार कर रहे हैं

इनका कहना है
वार्ड नंबर 2 बरेली नगर परिषद मैं आने वाले हितग्राही दिनेश कुमार सोनी का कहना है कि मैंने आज से 4 वर्ष होने को आए हैं आवास योजना के लिए फॉर्म भरा था परंतु अभी तक इस योजना का लाभ मुझे नहीं मिला आवास योजना के संबंध में कई बार नगर परिषद भी गए परंतु नगर परिषद के कर्मचारी और पदाधिकारियों ने गुमराह करने के सिवा और कुछ नहीं किया अभी तक इस योजना का लाभ नहीं मिल पाया है एक कच्चा कमरा था वह भी हमने तोड़ दिया और किस हालत में हम अपने परिवार के बस यह बसर कर रहे हैं यह तो हम ही जानते हैं परंतु अभी तक आवेदन देने पर शिकायत करने पर सीएम हेल्पलाइन पर भी शिकायत पड़ी हुई है परंतु अभी तक कोई निर्णय नहीं निकला उल्टा नगर परिषद के पदाधिकारी और कर्मचारी सीएम हेल्पलाइन से शिकायत वापस करने के लिए दबाव बनाते हैं

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button