प्राइवेट स्कूलों की मनमानी पर फूटा गुस्सा, फीस वसूली और जबरन खरीदारी के खिलाफ सौंपा ज्ञापन
जी न्यूज 7 अंकित दूबे

जौनपुर। बढ़ती महंगाई के बीच निजी स्कूलों द्वारा मनमानी फीस वसूली और जबरन शैक्षणिक सामग्री खरीदवाने के विरोध में राष्ट्रवादी नौजवान सभा के जिलाध्यक्ष रतनदीप शर्मा के नेतृत्व में शुक्रवार को जोरदार विरोध दर्ज कराया गया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को संबोधित ज्ञापन अतिरिक्त उपजिलाधिकारी शिव प्रताप को सौंपते हुए संगठन ने अभिभावकों और छात्रों को राहत दिलाने की मांग उठाई।
जिलाध्यक्ष रतनदीप शर्मा ने कहा कि लगातार बढ़ रही महंगाई से आम जनमानस पहले ही परेशान है, ऐसे में निजी स्कूल-कॉलेजों की मनमानी फीस वसूली अभिभावकों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डाल रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि कई निजी विद्यालय अभिभावकों को अपने निर्धारित दुकानों से ही किताबें, ड्रेस, जूते, बैग सहित अन्य सामग्री खरीदने के लिए मजबूर करते हैं। विरोध करने पर अभिभावकों और छात्रों को मानसिक रूप से प्रताड़ित करने की भी शिकायतें सामने आ रही हैं।
संगठन ने सरकार से मांग की कि इस तरह की गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए प्रदेश स्तर पर जन-जागरूकता अभियान चलाया जाए और सरकारी विद्यालयों की व्यवस्था को मजबूत किया जाए, ताकि छात्र वहां अधिक संख्या में दाखिला लें।
ज्ञापन में प्रमुख मांगों के रूप में सभी विद्यालयों में एनसीईआरटी की पुस्तकें निःशुल्क उपलब्ध कराने, निजी स्कूलों द्वारा जबरन किताबें और अन्य सामग्री खरीदवाने पर रोक लगाने, मनमानी फीस वसूली पर सख्त कार्रवाई करने की मांग की गई। इसके अलावा ड्रेस, जूते आदि के लिए दबाव न बनाने, एनसीईआरटी पुस्तकों की समय पर उपलब्धता सुनिश्चित करने, ट्रांसपोर्ट फीस की मनमानी वसूली पर नियंत्रण तथा प्रवेश शुल्क को एक बार तक सीमित करने पर जोर दिया गया।
इस दौरान प्रमोद कुमार शुक्ला, प्रशांत भारती, नितेश कुमार, मोहित प्रजापति, अब्दुल्ला तिवारी, सोनू मौर्य, अपूर्व कुमार दूबे, संजय सिंह, अनूप रंजन सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।