चंद्रशेखर आज़ाद के आह्वान पर राष्ट्रपति के नाम सौंपा गया ज्ञापन, छात्र आंदोलन पर कार्रवाई और शिक्षा व्यवस्था को लेकर जताया रोष
कुशीनगर : आज़ाद समाज पार्टी (कांशीराम) के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं नगीना सांसद चंद्रशेखर आज़ाद के निर्देश पर शनिवार, 25 जुलाई 2026 को कुशीनगर, देवरिया, महराजगंज, गोरखपुर, बस्ती सहित विभिन्न जनपदों में कार्यकर्ताओं ने शांतिपूर्ण तरीके से महामहिम राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन के माध्यम से दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्र-छात्राओं के प्रदर्शन के दौरान हुई पुलिस कार्रवाई पर कड़ी आपत्ति जताई गई। कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर लाठीचार्ज किया गया तथा आंसू गैस के गोले छोड़े गए, जिससे कई छात्र-छात्राएं घायल हुए। साथ ही परीक्षा पेपर लीक के मामलों को लेकर भी चिंता व्यक्त करते हुए निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कठोर कार्रवाई की मांग की गई।
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि विभिन्न सामाजिक कार्यकर्ताओं द्वारा लंबे समय तक धरना-प्रदर्शन और भूख हड़ताल के माध्यम से छात्रों की मांगों को उठाया गया। वक्ताओं ने कहा कि लोकतंत्र में शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखना प्रत्येक नागरिक का संवैधानिक अधिकार है और ऐसे आंदोलनों पर बल प्रयोग लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत है।
इस दौरान वक्ताओं ने कहा, “ज़ुल्म जब भी हद से आगे बढ़ने लगता है, वहीं से बदलाव का सूरज निकलने लगता है।” उन्होंने कहा कि छात्रों के साथ हुई कथित बर्बरता ने पूरे देश को झकझोर दिया है और सरकार को शिक्षा व्यवस्था में सुधार तथा युवाओं के भविष्य की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाने चाहिए।
कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार से छात्रों की मांगों पर गंभीरता से विचार करने और शिक्षा व्यवस्था को पारदर्शी एवं जवाबदेह बनाने की अपील की।
